literature

अँध्यारो जीवन

कहिलेकाहीँ नेपथ्यबाट आवाज सुन्छु निर्दयतापूर्वक मेरा भावनालाई कुल्चिएको  एउटा सुरुङ जहाँबाट

By |2026-05-22T21:57:18+05:45September 27th, 2019|literature|Comments Off on अँध्यारो जीवन

जीवन

अरु लाई बनाउने लहडमा म आफै बिग्रदै गए गिरेको समाज

By |2026-05-22T21:58:20+05:45August 14th, 2019|literature|Comments Off on जीवन

मेरो समाज

*****मेरो समाज**** चम्किलो सूर्यले न्यानो दिन नसक्ने ​​मेरो समाज जमेका

By |2026-05-22T21:58:23+05:45August 14th, 2019|literature|Comments Off on मेरो समाज

यात्रा

– कपिद जोशी पूर्णिमाको रात, क्षितिजमा तिम्रो छाया चिसो हावा

By |2026-05-22T21:58:27+05:45August 14th, 2019|literature|Comments Off on यात्रा

यात्रा

- कपिद जोशी   पूर्णिमाको रात, क्षितिजमा तिम्रो छाया चिसो हावा

By |2026-05-22T21:59:37+05:45August 25th, 2018|literature|Comments Off on यात्रा

अँध्यारो जीवन

कहिलेकाहीँ नेपथ्यबाट आवाज सुन्छु निर्दयतापूर्वक मेरा भावनालाई कुल्चिएको एउटा सुरुङ

By |2026-05-22T21:59:47+05:45July 30th, 2018|literature|Comments Off on अँध्यारो जीवन
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